कहने को तो बहुत रहा
इतने दिनों
कि अभी तक
उसका कभी आना
याद नहीं
और उसका जाना
बार- बार याद आता है
कि अभी उसका जाना हुआ
उससे सब कहने को
कहने को तो कह दिया
जो उसके पीछे चला गया
पर उसे पुकारना रह गया
वह हमेशा
मेरे साथ
यहीं, दहलीज़ पर रह गया.
(शुक्रवार से साभार)